हम दोनों-12

*#हम_दोनों-12*

इन पलों में जो उनका साथ है
इसे मैं ज़िन्दगी लिख सकता हूँ
भले ही यह प्रारम्भिक कहानी है
मिल भी सकते हैं
और बिछड़ भी सकते हैं
हम दोनों

हम एक दूसरे से
कोई वादा नहीं कर सकते
किन्तु एहसासों को
दिल में जिन्दा रखेंगे
जीवन के अंतिम पलों तक
हम दोनों

यह सब
बहुत कम समय में हुआ
और जो हुआ
वह बिल्कुल नया है
इसे कोई देख नहीं सकता
महसूस कर सकता है
परंतु इसे जी रहे हैं
हम दोनों

सच कहें तो
अपने अनुभव
एवं हर आप-बीती
सुनकर,सुनाकर
एक दूसरे को जानना
और
भरोसा करना चाहते हैं
हम दोनों

परखना जारी है
एक दूसरे को
तब तो
चाह जगने लगी है
एक-साथ जीने की
लेकिन सब कुछ छोड़ दिये हैं
वक्त के हाथों पर
हम दोनों

*#असकरन_दास_जोगी*

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